खूंखार आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद सरगना मसूद अजहर की मौत की खबर, आधिकारिक पुष्टि नहीं: सूत्र
खूंखार आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (Jaish-e-Mohammad) के सरगना मसूद अजहर (Masood Azhar) के मरने की खबरें सामने आ रही हैं. सूत्रों के हवाले से मिल रही जानकारी के मुताबिक, मसूद अजहर इस्लामाबाद (Islamabad) के अस्पताल में दो मार्च को मरा था. सैनिक अस्पताल में उसका इलाज चल रहा था. हालांकि मसूद अजहर की मौत की पुष्टि की जानी बाकी है. मिल रही जानकारी के मुताबिक, पाकिस्तानी सेना की अनुमति के बाद ही मसूद अजहर की मौत की आधिकारिक घोषणा की जाएगी.
बता दें कि शनिवार को खबर आई थी कि मसूद अजहर के गुर्दे खराब हो गए हैं और ऐसा बताया जा रहा था कि उसका पाकिस्तान में रावलपिंडी के एक सैन्य अस्पताल में नियमित डायलसिस किया जा रहा है. इससे पहले पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी कहा था कि मुझे मिली जानकारी के मुताबिक मसूद अजहर पाकिस्तान में ही है. वह इस हद तक बीमार है कि घर से बाहर भी नहीं निकल सकता. वह काफी बीमार है.
जैश-ए-मोहम्मद का सरगना मसूद अजहर ओसामा बिन लादेन का करीबी सहयोगी था. उसने कई अफ्रीकी देशों में आतंकवाद को बढ़ावा दिया और उसे ऐसे पाकिस्तानी मौलवी के रूप में भी जाना जाता है जिसने ब्रिटेन की मस्जिदों में जिहाद का पाठ पढ़ाया.
मसूद अजहर इतना प्रभावशाली था कि जब इंडियन एयरलाइंस के अपहृत विमान आईसी 814 को आतंकवादियों के कब्जे से छुड़ाने के बदले में भारत ने उसे कंधार में 31 दिसंबर 1999 को रिहा किया था तो लादेन ने उसी रात उसके लिए भोज आयोजित किया था. अजहर को 1994 में जम्मू-कश्मीर में जिहाद का पाठ पढ़ाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था.
