कोरोना का खतरा अभी भी खत्म नहीं, सतर्क रहने की अपील

मुंबई, कोरोना महामारी से अधिकतर लोग बेफिक्र नजर आ रहे हैं लेकिन कोरोना का खतरा अभी भी खत्म नहीं हुआ है। कोरोना के वैरिएंट ओमायक्रॉन के मरीज मिल रहे हैं। मुंबई महानगरपालिका द्वारा कराए गए जीनोम अनुक्रमण परीक्षण में सामने आया है कि ओमायक्रॉन के एक्सबीबी और एक्सबीबी-१ वैरिएंट हावी हैं। लिहाजा लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मुंबई मनपा कोरोना के प्रसार का पता लगाने के लिए जीनोम अनुक्रमण परीक्षण कर रही है। २३४ लोगों के हालिया परीक्षण में पाया गया है कि ओमायक्रॉन के १६५, एक्सबीबी और एक्सबीबी-१ वेरिएंटवाले ६९ मरीज हैं। हालांकि रोगियों और मौतों की संख्या फिलहाल स्थिर है। मुंबई मनपा के स्वास्थ्य विभाग की मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. मंगला गोमरे के अनुसार कोविड-१९ के नियमों का पालन करना जरूरी है। हर कोई अपने स्तर पर सतर्क रहें।
राज्य में वर्ष २०२० में कोरोना संक्रमण का पैâलाव हुआ। इसके बाद कोरोना वायरस की चार लहर आई। कोरोना के किस वैरिएंट और सब-वैरिएंट के कारण मरीजों का संख्या बढ़ी है, इसकी खोजबीन के लिए अगस्त २०२१ से जिनोम सीक्वेंसिंग का परीक्षण किया जा रहा है। इस बीच १ से १५ अगस्त के दरम्यान कोरोना के २३४ मरीजों की जांच की गई। इसमें शत-प्रतिशत यानी २३४ नमूने ओमायक्रॉन वैरिएंट के पाए गए हैं। इसमें १५ फीसदी यानी ३६ नमूने एक्सबीबी और एक्सबीबी-१ ओमायक्रॉन सब वैरिएंट के हैं। जांच किए गए २३४ मरीजों में से ० से २० आयु वर्ग के २४ (१० प्रतिशत), २१ से ४० वर्ष के ९४ (४० फीसदी), ४१ से ६० आयु वर्ग के ६९ (२९ प्रतिशत), ६१ से ८० आयु वर्ग के ३६ (१५ फीसदी), ८१ से १०० वर्ष के ११ (५ प्रतिशत) मरीज हैं। हालांकि इनमें कोरोना के गंभीर लक्षण नहीं पाए गए। इनमें ८७ लोगों ने वैक्सीन की एक भी डोज नहीं ली है। इनमें से १५ लोगों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा जबकि उन्हें आईसीयू की जरूरत नहीं पड़ी।